बाजी प्रभु का जन्म चंद्रसेनीय प्रभु वंश के एक परिवार में वर्तमान पुणे क्षेत्र के भोर तालुक में मावळ प्रांत में हुआ था। बाल्यकाल से ही उनके हृदय में भारतववर्ष से बाहरी मुगल हमलावरों को नेस्तन... Read more
गुरु को अपनी महत्ता के कारण ईश्वर से भी ऊँचा पद दिया गया है। शास्त्र वाक्य में ही गुरु को ही ईश्वर के विभिन्न रूपों- ब्रह्मा, विष्णु एवं महेश्वर के रूप में स्वीकार किया गया है। गुरु को ब्रह्... Read more
बाल गंगाधर तिलक के बचपन का नाम केशव था और यही नाम इनके दादा जी (रामचन्द्र पंत) के पिता का भी था इसलिये परिवार में सब इन्हें बलवंत या बाल कहते थे, अतः इनका नाम बाल गंगाधर पड़ा। इनका बाल्यकाल र... Read more
बटुकेश्वर दत्त भारतीय स्वतंत्रता संग्राम के महान् क्रान्तिकारी थे। बटुकेश्वर दत्त को देश ने सबसे पहले 8 अप्रैल 1929 को जाना, जब वे भगत सिंह के साथ केंद्रीय विधान सभा में बम विस्फोट के बाद गि... Read more
आजाद हिन्द फौज आज भी लाखों भारतवासियों के दिलों में अपना स्थान बनाए हुए है। अंग्रेजों ने भारत पर 190 वर्ष शासन किया। इस काल में भारत वासियों के अदम्य स्वतन्त्रता की आकांक्षा से किए गए प्रयत्... Read more
आज के तकनीकी युग में युवा वर्ग जीवन में सफलता की सीढ़ी चढ़ने के लिए लालायित है, लेकिन थोड़ा-सा परिश्रम या फिर कड़ी मेहनत के बावजूद नकारात्मक परिणाम उन्हें पूरी तरह से निराश कर देता है। यही वक्त... Read more
द्वार के सामने निकलती पशुओं की कतार को देखकर वह चिल्लाया- उट् उट्। भीतर से पति की वाणी सुनकर गृहिणी निकली। उसके कानों में ये शब्द बरबस प्रवेश पा गए। व्याकरण की महापण्डिता, दर्शन की मर्मज्ञा... Read more
‘‘सैनिक विप्लव नहीं, समूची जन क्रांति थी 1857 का स्वातंत्र्य समर’’ समुत्कर्ष समिति द्वारा मासिक विचार गोष्ठी के क्रम में ‘‘1857 का स्वातंत्र्य समर’’ विषयक 50 वीं मासिक विचार गोष्ठी का आयोजन... Read more
गुरुओं के योग्य मार्गदर्शन में शिष्यों ने अपने ज्ञान, कौशल और योग्यता के आधार पर अपने गुरुओं की श्रेष्ठता सदैव सिद्ध की है। जिस प्रकार समर्थ गुरु रामदास के कुशल निर्देशन में छत्रपति शिवाजी न... Read more
बिरसा मुंडा 19 वीं सदी के एक महान वनवासी जननायक थे। उनके नेतृत्व में मुंडा वनवासियों ने 19वीं सदी के आखिरी वर्षों में मुंडाओं के महान आन्दोलन उलगुलान को जन्म दिया। बिरसा को मुंडा समाज के लोग... Read more






