बाल गंगाधर तिलक के बचपन का नाम केशव था और यही नाम इनके दादा जी (रामचन्द्र पंत) के पिता का भी था इसलिये परिवार में सब इन्हें बलवंत या बाल कहते थे, अतः इनका नाम बाल गंगाधर पड़ा। इनका बाल्यकाल र... Read more
बटुकेश्वर दत्त भारतीय स्वतंत्रता संग्राम के महान् क्रान्तिकारी थे। बटुकेश्वर दत्त को देश ने सबसे पहले 8 अप्रैल 1929 को जाना, जब वे भगत सिंह के साथ केंद्रीय विधान सभा में बम विस्फोट के बाद गि... Read more
गुरुओं के योग्य मार्गदर्शन में शिष्यों ने अपने ज्ञान, कौशल और योग्यता के आधार पर अपने गुरुओं की श्रेष्ठता सदैव सिद्ध की है। जिस प्रकार समर्थ गुरु रामदास के कुशल निर्देशन में छत्रपति शिवाजी न... Read more
बिरसा मुंडा 19 वीं सदी के एक महान वनवासी जननायक थे। उनके नेतृत्व में मुंडा वनवासियों ने 19वीं सदी के आखिरी वर्षों में मुंडाओं के महान आन्दोलन उलगुलान को जन्म दिया। बिरसा को मुंडा समाज के लोग... Read more
कबीर के माता – पिता और जन्म के विषय में निश्चित रूप से कुछ कहना संभव नहीं है। फिर भी माना जाता है कि काशी के इस अक्खड़, निडर एवं संत कवि का जन्म लहरतारा के पास सन् 1398 में ज्येष्ठ पूर्... Read more
ज्येष्ठ शुक्ल त्रयोदशी (इस बार 23 जून) को शिवाजी महाराज का राज्याभिषेक समारोह रायगढ़ किले पर संपन्न हुआ था। तारीख थी 6 जून 1674, आज इस घटना को 344 साल हो रहे हैं। शिवाजी महाराज का राज्याभिषेक... Read more
भारतीय दर्शन की जितनी शाखाएँ हैं, सबका निचोड़ उपनिषदों में मिलता है। उपनिषदों में सबसे प्राचीन तथा आकार में सबसे बड़ा उपनिषद बृहदारण्यक है। इस उपनिषद के दार्शनिक याज्ञवल्क्य हैं। उन्होंने राजा... Read more
वीर सावरकर भारतीय स्वांतत्र्य समर के महान् सेनानी, राजनीतिज्ञ और साथ ही एक कवि और लेखक भी थे। सावरकर के लिये हिंदुत्व का मतलब ही एक हिंदू प्रधान देश का निर्माण करना था। उनके राजनैतिक तत्वों... Read more
त्याग की प्रतिमूर्ति पन्नाधाय ने अपने पुत्र चंदन का बलिदान देकर उदयसिंह की रक्षा की। उदयसिंह महाराणा सांगा का सबसे छोटा पुत्र था। कुम्भलगढ़ में उनका विवाह पाली के अखैराज सोनगरा की पुत्री जयवन... Read more
भगवान श्री राम से पहले और वामन भगवान के जन्म से पहले भगवान विष्णु का एक अवतार हुआ था। यह अवतार संसार में क्रोध का प्रतीक माना जाता है। इन्होंने स्वयं विष्णु के ही दूसरे अवतार को युद्ध के लिए... Read more






